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Tyohaar\vrat\Festival list of 2023

हिन्दू कैलेंडर 2023: व्रत एवं त्यौहार | BHAKTI GYAN 2023 का त्योहार सूचि, जानिए कब मनायेंगे होली, दिवाली, दशहरा-छठ, पूरे साल की जानकारी... 2023 के त्यौहारों और व्रत की एक सूची तैयार की है। इस से आपको न केवल आगामी छुट्टियां और त्यौहार की जानकरी। चलिए विस्तार से जानते हैं जनवरी से लेकर दिसंबर 2023 तक कब कौन-कौन से त्योहार और व्रत रखें जाएंगे। हिन्दू कैलेंडर 2023: व्रत एवं त्यौहार जनवरी 2023 के व्रत त्यौहार 2 सोमवार पौष पुत्रदा एकादशी 4 बुधवार प्रदोष व्रत (शुक्ल) 6 शुक्रवार पौष पूर्णिमा व्रत 10 मंगलवार संकष्टी चतुर्थी 15 रविवार पोंगल, उत्तरायण, मकर संक्रांति 18 बुधवार षटतिला एकादशी 19 गुरुवार प्रदोष व्रत (कृष्ण) 20 शुक्रवार मासिक शिवरात्रि 21 शनिवार माघ अमावस्या 26 गुरुवार बसंत पंचमी, सरस्वती पूजा फरवरी 2023 के व्रत त्यौहार 1 बुधवार जया एकादशी 2 गुरुवार प्रदोष व्रत (शुक्ल) 5 रविवार माघ पूर्णिमा व्रत 9 गुरुवार संकष्टी चतुर्थी 13 सोमवार कुम्भ संक्रांति 16 गुरुवार विजया एकादशी 18 शनिवार महाशिवरात्रि, प्रदोष व्रत (कृष्ण), मासिक शिवरात्रि 20 सो...

Khatu Shyam Ji\KHATU SHYAM CHALISA IN HINDI

श्री खाटू श्याम जी का चालीसा श्री खाटू श्याम जी का चालीसा... श्री खाटू श्याम जी को हारे का सहारा कहा जाता है। खाटू श्याम जी को सबसे बड़ा दाता कहा गया है क्योंकि उन्होंने अपने शीश का दान दिया था। महाभारत कथा के अनुसार जब कौरव और पांडव में युद्ध हो रहा था, तब श्री कृष्ण जी ने ब्राह्मण का रूप लेकर खाटूश्यामजी से अपने शीश का दान मांगा था। ऐसा माना जाता है, खाटूश्याम जी जिनका नाम बर्बरीक था, बहुत ही वीर योद्धा थे, उनको दुर्गा माता से विजय होने का वरदान प्राप्त था। बर्बरीक हमेशा हारने वाले का साथ देंगे, जब श्री कृष्ण जी को पता चली तब उन्होंने उनसे ब्राह्मण का रूप लेकर उनके शीश का दान मांग लिया। बर्बरीक अपनी बात पर अडिग रहें और उन्होंने अपने शीश का दान श्री कृष्ण जी को कर दिया। इससे प्रसन्न होकर श्री कृष्ण जी ने उन्हें वरदान दिया कि वह कलयुग में उनके श्याम नाम से प्रसिद्ध होंगे। कलयुग में जो भी इनका नाम लेगा उसके सभी संकट दूर हो जाएंगे। इनको हारे का सहारा, शीश का दानी, खाटू श्याम जी आदि नाम से जाना जाता है। इनका शीश सीकर जिले के खाटू नामक कस्बे में दफनाया गया था, इसीलिए इनको...

Mahaganesh/Pancharatnam/Sri Mahaganesh Pancharatnam Stotram in hindi

श्री महागणेश पंचरत्नम् स्त्रोत्रम श्री महागणेश पंचरत्नम् स्त्रोत्रम... श्री महागणेश पंचरत्नम् भगवान गणेश की महिमा तथा स्तुति में एक पांच श्लोक स्तोत्रम है। भगवान गौरी नंदन श्री गणेश की कृपा के लिए इसका जाप करें। 卐 श्री महागणेश पंचरत्नम् 卐 मुदाकरात्त मोदकं सदा विमुक्ति साधकम् । कलाधरावतंसकं विलासिलोक रक्षकम् । अनायकैक नायकं विनाशितेभ दैत्यकम् । नताशुभाशु नाशकं नमामि तं विनायकम् ॥ १ ॥ नतेतराति भीकरं नवोदितार्क भास्वरम् । नमत्सुरारि निर्जरं नताधिकापदुद्ढरम् । सुरेश्वरं निधीश्वरं गजेश्वरं गणेश्वरम् । महेश्वरं तमाश्रये परात्परं निरंतरम् ॥ २ ॥ समस्त लोक शंकरं निरस्त दैत्य कुंजरम् । दरेतरोदरं वरं वरेभ वक्त्रमक्षरम् । कृपाकरं क्षमाकरं मुदाकरं यशस्करम् । मनस्करं नमस्कृतां नमस्करोमि भास्वरम् ॥ ३ ॥ अकिंचनार्ति मार्जनं चिरंतनोक्ति भाजनम् । पुरारि पूर्व नंदनं सुरारि गर्व चर्वणम् । प्रपंच नाश भीषणं धनंजयादि भूषणम् । कपोल दानवारणं भजे पुराण वारणम् ॥ ४ ॥ नितांत कांति दंत कांति मंत कांति कात्मजम् । अचिंत्य रूपमंत हीन मंतराय कृंतनम् । हृदंतरे निरंतरं वस...

Dakshinamurthy/Pancharatnam/Sri Dakshinamurthy Pancharatnam Stotram in hindi

श्रीं दक्षिणामूर्ति पंचरत्नम स्त्रोत्रम श्रीं दक्षिणामूर्ति पंचरत्नम स्त्रोत्रम... दक्षिणामूर्ति पंचरत्नम भगवान शिव की महिमा तथा स्तुति में एक पांच श्लोक स्तोत्रम है। भगवान शिव की कृपा के लिए इसका जाप करें। 卐 श्री दक्षिणामूर्ति पंचरत्नम् 卐 मत्तरोग शिरोपरिस्थित नृत्यमानपदाम्बुजं भक्तचिन्तितसिद्धिकालविचक्षणं कमलेक्षणम् । भुक्तिमुक्तिफलप्रदं भुविपद्मजाच्युतपूजितं दक्षिणामुखमाश्रये मम सर्वसिद्धिदमीश्वरम् ॥ १ ॥ वित्तदप्रियमर्चितं कृतकृशा तीव्रतपोव्रतैः मुक्तिकामिभिराश्रितैः मुहुर्मुनिभिर्दृढमानसैः । मुक्तिदं निजपादपङ्कजसक्तमानसयोगिनां दक्षिणामुखमाश्रये मम सर्वसिद्धिदमीश्वरम् ॥ २ ॥ कृत्तदक्षमखाधिपं वरवीरभद्रगणेन वै यक्षराक्षसमर्त्यकिन्नरदेवपन्नगवन्दितम् । रत्नभुग्गणनाथभृत् भ्रमरार्चिताङ्घ्रिसरोरुहं दक्षिणामुखमाश्रये मम सर्वसिद्धिदमीश्वरम् ॥ ३ ॥ नक्तनादकलाधरं नगजापयोधरमण्डलं लिप्तचन्दनपङ्ककुङ्कुममुद्रितामलविग्रहम् । शक्तिमन्तमशेषसृष्टिविधानके सकलं प्रभुं दक्षिणामुखमाश्रये मम सर्वसिद्धिदमीश्वरम् ॥ ४ ॥ रक्तनीरजतुल्यपादपयोज सन्मणि नूपुरं बन्धनत्र...

Kalabhairavashtakam/Sri Kaal bhairav ashtakam in hindi

कालभैरवाष्टकम् श्री कालभैरव अष्टकम् – कालभैरवाष्टकम्... कालभैरवाष्टकम् आदि शंकराचार्य द्वारा संस्कृत भाषा में आठ श्लोकों में कालभैरव के गुणों का वर्णन एवं एक श्लोक में स्तुति की गयी है। कालभैरव भगवान शिव के स्वरूप हैं। कालभैरव न्यायप्रिय देवता है इन्हें क्षेत्रपाल भी कहा जाता है। इन का निवास हिंदू तीर्थ काशी नगरी के तट पर है। आदि शंकराचार्य ने कालभैरव को प्रसन्न करने हेतु नौ श्लोकों के एक स्तोत्र की रचना की। जिसमें से आठ श्लोक कालभैरव की महिमा तथा स्तुति करने वाले हैं और नौंवा श्लोक फलश्रुति है। इस कारण नौ श्लोक होते हुए भी इस स्तोत्र को कलभैरवाष्टक कहा जाता है। कालभैरव को सभी बाधाओं का शीघ्र ही निवारण करने वाले भगवान माने जाते हैं। इन के ध्यान मात्र से प्रेत और तांत्रिक बाधाएं भी दूर हो जाती हैं। संतान की दीर्घायु के लिए भी इन की पूजा की जाती है। ये कष्टों को दूर करने वाले देवता कहलाते है। 卐 श्री कालभैरव अष्टकम् 卐 ॐ देवराजसेव्यमानपावनाङ्घ्रिपङ्कजं व्यालयज्ञसूत्रमिन्दुशेखरं कृपाकरम् । नारदादियोगिवृन्दवन्दितं दिगंबरं काशिकापुराधिनाथ कालभैरवं भजे॥ १॥ भ...

Hindu teerth/ Char Dham / Four Kumbh site / fifty one Shakti Peeth

हिन्दू तीर्थ/चार धाम/चार कुंभ स्थल/इक्यावन शक्ति पीठ हिन्दू तीर्थ, चार धाम, चार कुंभ स्थल, इक्यावन शक्ति पीठ... सनातन धर्म में तीर्थयात्रा अध्यात्म और नैतिकता की खोज है। यह किसी पवित्र क्षेत्र या तीर्थ की यात्रा होती है। सनातन धर्म के अनुयायी तीर्थयात्राओं में भाग लेते हैं। ऐसी यात्रा करने वाले को तीर्थयात्री भी कहते हैं। चार धाम हिन्दुओं के सबसे पवित्र तथा महत्त्वपूर्ण तीर्थों : रामेश्वरम बद्रीनाथ द्वारका जगन्नाथ पुरी चार कुंभ स्थल : हरिद्वार प्रयाग उज्जैन नासिक इक्यावन शक्ति पीठ : हिंगलाज भवानी पाकिस्तान बहुचरा माता गुजरात अंबाजी माता अंबाजी गुजरात शर्कररे सुगंध शाकम्भरी शक्तिपीठ उत्तर प्रदेश ज्वाला जी त्रिपुर मालिनी गुजयेश्वरी दाक्षायनी विमला गंडकी चंडी बाहुला मंगल चंद्रिका त्रिपुरसुंदरी छत्राल भवानी भ्रामरी कामाख्या जुगाड़्या कालीघाट ललिता जयंती विमला, किरीट विशालाक्षी श्रावणी सावित्री गायत्री महालक्ष्मी, श्रीशैल देवगर्भ, बीरभूमि अमरकंटक नर्मदा शिवानी उमा नारायणी वाराही अर्पण श्री सुंदरी कपालिनी चंद्रभागा अवंति भ्रामरी, नासिक व...

About "Shri Mad-Bhagavad Gita"/These things every Hindu should know

Being a Hindu it is important to know | ये बातें हर हिन्दू को जानना जरूरी है ये बातें हर हिंदू को पता होनी चाहिए...... सनातन धर्म से जुड़ी ऐसे महत्वपूर्ण बातों के बारे में बताएंगे, जिसे हर हिन्दू को जानना जरूरी है। आइये जानते हैं हिन्दू धर्म से जुड़ी वे महत्वपूर्ण बातें जो पता होनी चाहिए। "श्री मद्-भगवत गीता"के बारे में- ॐ . किसको किसने सुनाई? उ.- श्रीकृष्ण ने अर्जुन को सुनाई। ॐ . कब सुनाई? उ.- आज से लगभग 7 हज़ार साल पहले सुनाई। ॐ . भगवान ने किस दिन गीता सुनाई? उ.- रविवार के दिन। ॐ . कोनसी तिथि को? उ.- एकादशी ॐ . कहा सुनाई? उ.- कुरुक्षेत्र की रणभूमि में। ॐ . कितनी देर में सुनाई? उ.- लगभग 45 मिनट में ॐ . क्यू सुनाई? उ.- कर्त्तव्य से भटके हुए अर्जुन को कर्त्तव्य सिखाने के लिए और आने वाली पीढियों को धर्म-ज्ञान सिखाने के लिए। ॐ . कितने अध्याय है? उ.- कुल 18 अध्याय ॐ . कितने श्लोक है? उ.- 700 श्लोक ॐ . गीता में क्या-क्या बताया गया है? उ.- ज्ञान-भक्ति-कर्म योग मार्गो की विस्तृत व्याख्या की गयी है, इन मार्गो पर चलने से व्यक्ति निश्...

Being a Hindu it is important to know/These things every Hindu should know

Being a Hindu it is important to know | ये बातें हर हिन्दू को जानना जरूरी है हिन्दु हाेने के नाते जानना ज़रूरी है... सनातन केवल एक धर्म ही नहीं है, बल्कि एक सफल जीवन जीने के तरीकों के तौर पर भी देखा जा सकता है। सनातन का अर्थ होता है जो न तो अग्नि, न वायु. न पानी और ना ही अस्त्र से नष्ट हो और धर्म का अर्थ होता है जीवन जीने की कला। आज आपको हिन्दू धर्म से जुड़ी ऐसे महत्वपूर्ण बातों के बारे में बताएंगे, जिसे हर हिन्दू को जानना जरूरी है। आइये जानते हैं हिन्दू धर्म से जुड़ी वे महत्वपूर्ण बातें। ये बातें हर हिन्दू को जानना जरूरी है दो पक्ष - कृष्ण पक्ष , शुक्ल पक्ष तीन ऋण - देव ऋण, पितृ ऋण, ऋषि ऋण चार युग - सतयुग, त्रेतायुग, द्वापरयुग, कलियुग चार धाम - द्वारिका, बद्रीनाथ, जगन्नाथ पुरी, रामेश्वरम धाम चारपीठ - शारदा पीठ (द्वारिका), ज्योतिष पीठ (जोशीमठ बद्रिधाम), गोवर्धन पीठ (जगन्नाथपुरी), शृंगेरीपीठ चार वेद - ऋग्वेद, अथर्वेद, यजुर्वेद, सामवेद चार आश्रम - ब्रह्मचर्य, गृहस्थ, वानप्रस्थ, संन्यास चार अंतःकरण - मन, बुद्धि, चित्त, अहंकार पञ्च गव्य - गाय का घी, दूध, दही, गोमूत्...